सं.स्त्री.
ढूंढने की क्रिया, तलाश।
- उदा.--1..कोटवाळ नट गयौ तद इण चौकस कर फेर कहायौ। कोटवाळ क्यूं'क वाद कर फेर नट गयौ।--पदमसिंह री बात
- उदा.--2..सहिनांण सब मिळिया पण डूबी बात छै। चार ही ठावा मांणस मेल्ह सांची खबर मंगावौ, चौकस करि आवै।--पलक दरियाव री बात
1.सचेत, सतर्क, चौकन्ना, सावधान।
2.ठीक, सही, सत्य।
- उदा.--पण मांणस च्यार ठावा जाय सांची खबर ले आवै। बात चौकस है। महाराज पधारसी।--पलक दरियाव री बात
3.पक्का, निश्चित।
- उदा.--रांणौ बातां सुण कहण लागियौ जै आयसै चौकस कै नही।--कुंवरसी सांखला री वारता
4.स्पष्ट।
- उदा.--बिजळी चमकी तद ढाल चौकस दीसी।--कुंवरसी सांखला री वारता
1.प्रत्यक्ष, सामने।
- उदा.--ताहरां हरमाळा कह्यौ न मांनौ तौ थे जावौ चौकस देखो।--पलक दरियाव री बात
2.निश्चय ही, अवश्य।
- उदा.--1..चौकस आस किसी चुड़ला री, कहोरी अबै सुहाग किसौ। देबी इसौ भरतार म दै री, जिण सिर वैरी 'मांन' जिसौ।--मांनजी लाळस
- उदा.--2..जिण दिन लीली जळै जवासी, मांडै राड़ सांप री मासी। बादळ रहै रात रा बासी, यूं जांणै चौकस मेह आसी।--वर्षा, विज्ञान।