सं.पु.
सं.पुरतिबंध:
1.सौगंध, शपथ।
- उदा.--ढोलै जी एवाळ सूं पूछियौ, पुंगळ नगर रौ मारग किसौ, तद एवाळ पूछियौ कासूं कांम छै। ढोला जी नै नाकारा रौ झूठ कहण रौ प्रतिबंध हुंतौ तद ढोलोजी बोलिया म्हारौ सासरौ छै।--ढो.मा.
2.विघ्न, बाधा, अवरोध।
- उदा.--जिम सूख होवै तिम करौ जी, म करौ बहु प्रतिबंध। चाल्यौ मुनिवर जिन नमी जी, मैटण भव नौ द्वंद।--जयवांणी
3.वह रोक या बंधन जो किसी कार्य या व्यक्ति पर लगाया गया हो, रोक।