सं.स्त्री.
सं.मान्द्य
1.मन्दा होने की दशा, अवस्था या भाव।
2.अस्वस्थता, बीमारी, रूग्णता।
- उदा.--1..भूख अर तिरस रै बिनाई घणां डर है। जगळी जिनावर, साज मांद अर बिच्छू--कांटां रा केई धया है।--फुलवाड़ी
- उदा.--2..मावड़ियां तन मेणरा, मिटै कदै नह मांद। मावड़ियां ढूळा मरद, चूला हदा चांद।--बां.दा.
3.पीड़ा, दर्द। (अ.मा., ह.नां.मां.) (फा.)
4.हिसक जानवरों के रहने का विवर, खोह, गुफा, शेर की मांद। (सं.)
5.रवि या चंद्र सम्बन्धी ग्रहों की नीचौच्च या मंदोच्च गति।