सं.स्त्री.
1.बाजरी, जवार या मक्की आदि के आटे को छाछ में पका कर बनाया जाने वाला एक पेय पदार्थ।
- उदा.--1..पहियां राब न पावही, पड़ौ बीज उण पौळ। ऊ फळसौ रहजौ अडग, दूधां दहियां छौळ।--बां.दा.
- उदा.--2..नीत रीत सूमां नहीं सबाब। सूमां घरै सुगाळ, में रंधै रसोड़ै राब।--बां.दा.
2.आंच पर पका कर गाढा किया हुआ गन्ने का रस जो गुड़ से पतला व शीरे से गाढा होता है।
4.कोई गाढा पेय पदार्थ। अल्पा., राबड़ी ।